Kalbe Sadiq In Icu Condition Is Critical. – शिया धर्मगुरु कल्बे सादिक आईसीयू में, हालत नाजुक

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Updated Wed, 18 Nov 2020 12:41 PM IST

शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे सादिक
– फोटो : amar ujala

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शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे सादिक को तबीयत बिगड़ने पर मंगलवार को अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनके बेटे कल्बे नूरी ने बताया कि एरा हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने निमोनिया होना बताया है।

फिलहाल उनकी हालत नाजुक है और उन्हें आईसीयू में रखा गया है। कल्बे नूरी ने सभी से उनके स्वास्थ्य लाभ के लिए दुआ करने की अपील की है।

नूरी ने बताया कि उनके पिता को सांस लेने में तकलीफ हो रही है। कोविड 19 जांच रिपोर्ट में उनमें इस संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है। उनके रक्तचाप और आक्सीजन के स्तर में लगातार गिरावट होने पर उन्हें मंगलवार की शाम आईसीयू में दाखिल किया गया था।

उन्होंने बताया कि हालांकि मौलाना कल्बे सादिक की स्थिति गम्भीर है मगर उसमें और गिरावट नहीं आयी है।

गौरतलब है कि आल इण्डिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के उपाध्यक्ष मौलाना कल्बे सादिक पूरी दुनिया में अपनी उदारवादी छवि के लिये जाने जाते हैं।

बता दें कि मौलाना कल्बे सादिक नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) का विरोध किया था। उन्होंने कहा था कि यह देश संविधान से चलेगा। कोई नरेंद्र मोदी कोई अमित शाह हमारा भविष्य नहीं बना सकता। उन्होंने लखनऊ के घंटाघर में प्रदर्शन कर रही महिलाओं का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि आज हर घर में उजाला दिखाई दे रहा है पर घंटाघर का अंधेरा इस सरकार को नहीं दिखाई दे रहा है।

उन्होंने कहा था कि सीएए और एनआरसी काला कानून है इसे वापस लिया जाना चाहिए।

शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे सादिक को तबीयत बिगड़ने पर मंगलवार को अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनके बेटे कल्बे नूरी ने बताया कि एरा हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने निमोनिया होना बताया है।

फिलहाल उनकी हालत नाजुक है और उन्हें आईसीयू में रखा गया है। कल्बे नूरी ने सभी से उनके स्वास्थ्य लाभ के लिए दुआ करने की अपील की है।

नूरी ने बताया कि उनके पिता को सांस लेने में तकलीफ हो रही है। कोविड 19 जांच रिपोर्ट में उनमें इस संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है। उनके रक्तचाप और आक्सीजन के स्तर में लगातार गिरावट होने पर उन्हें मंगलवार की शाम आईसीयू में दाखिल किया गया था।

उन्होंने बताया कि हालांकि मौलाना कल्बे सादिक की स्थिति गम्भीर है मगर उसमें और गिरावट नहीं आयी है।

गौरतलब है कि आल इण्डिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के उपाध्यक्ष मौलाना कल्बे सादिक पूरी दुनिया में अपनी उदारवादी छवि के लिये जाने जाते हैं।

बता दें कि मौलाना कल्बे सादिक नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) का विरोध किया था। उन्होंने कहा था कि यह देश संविधान से चलेगा। कोई नरेंद्र मोदी कोई अमित शाह हमारा भविष्य नहीं बना सकता। उन्होंने लखनऊ के घंटाघर में प्रदर्शन कर रही महिलाओं का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि आज हर घर में उजाला दिखाई दे रहा है पर घंटाघर का अंधेरा इस सरकार को नहीं दिखाई दे रहा है।

उन्होंने कहा था कि सीएए और एनआरसी काला कानून है इसे वापस लिया जाना चाहिए।

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