Cbi Probe Supreme Court Says State Consent Is Mandatory For Investigation Says Provision Constitution – सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, सीबीआई जांच के लिए जरूरी है राज्य से सहमति लेना

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Thu, 19 Nov 2020 12:16 PM IST

सुप्रीम कोर्ट (फाइल फोटो)
– फोटो : ANI

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केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की छानबीन के अधिकार क्षेत्र के मामले में अक्सर सवाल उठते रहते हैं। यह सवाल भी उठता रहता है कि क्या जांच के लिए सीबीआई को संबंधित राज्यों से अनुमति लेने की जरूरत है?  इसे लेकर सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को बड़ा फैसला सुनाया है। अब सीबीआई जांच के लिए संबंधित राज्य से अनुमति लेना आवश्यक होगा।

अपने फैसले में शीर्ष अदालत ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि ये प्रावधान संविधान के संघीय चरित्र के अनुरूप है। अदालत ने कहा कि दिल्ली विशेष पुलिस स्थापना अधिनियम में, शक्तियों और अधिकार क्षेत्र के प्रावधानों के अनुसार सीबीआई जांच के लिए राज्य सरकार की सहमति अनिवार्य है। ये प्रावधान संविधान के संघीय चरित्र के अनुरूप हैं।

बता दें कि हाल ही में महाराष्ट्र सरकार ने एक आदेश जारी कर कहा था कि राज्य में जांच करने के लिए केंद्रीय एजेंसी को दी गई अनुमति वापस ली जाती है। हालांकि सरकार द्वारा जांच के लिए अनुमति वापस लेने से पहले से जारी छानबीन पर कोई असर नहीं पड़ेगा, लेकिन भविष्य में यदि एजेंसी राज्य में किसी नए मामले की जांच करना चाहती है तो उसे राज्य सरकार से इजाजत लेनी होगी बशर्ते अदालत की तरफ से जांच के आदेश न दिए गए हों।

केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की छानबीन के अधिकार क्षेत्र के मामले में अक्सर सवाल उठते रहते हैं। यह सवाल भी उठता रहता है कि क्या जांच के लिए सीबीआई को संबंधित राज्यों से अनुमति लेने की जरूरत है?  इसे लेकर सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को बड़ा फैसला सुनाया है। अब सीबीआई जांच के लिए संबंधित राज्य से अनुमति लेना आवश्यक होगा।

अपने फैसले में शीर्ष अदालत ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि ये प्रावधान संविधान के संघीय चरित्र के अनुरूप है। अदालत ने कहा कि दिल्ली विशेष पुलिस स्थापना अधिनियम में, शक्तियों और अधिकार क्षेत्र के प्रावधानों के अनुसार सीबीआई जांच के लिए राज्य सरकार की सहमति अनिवार्य है। ये प्रावधान संविधान के संघीय चरित्र के अनुरूप हैं।

बता दें कि हाल ही में महाराष्ट्र सरकार ने एक आदेश जारी कर कहा था कि राज्य में जांच करने के लिए केंद्रीय एजेंसी को दी गई अनुमति वापस ली जाती है। हालांकि सरकार द्वारा जांच के लिए अनुमति वापस लेने से पहले से जारी छानबीन पर कोई असर नहीं पड़ेगा, लेकिन भविष्य में यदि एजेंसी राज्य में किसी नए मामले की जांच करना चाहती है तो उसे राज्य सरकार से इजाजत लेनी होगी बशर्ते अदालत की तरफ से जांच के आदेश न दिए गए हों।

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